नेपाल बाढ़ में तबाही का मंजर, 788 मौतें; भारत की 19 सदस्यीय फॉरेंसिक टीम DNA जांच में जुटी

काठमांडू
नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बाद भारत की 19 सदस्यीय विशेष फॉरेंसिक टीम ने रविवार को काठमांडू में मृतकों के अवशेषों की पहचान के लिए डीएनए नमूनों के विश्लेषण में मदद की। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक पोस्ट में यह जानकारी साझा की। उन्होंने पोस्ट के साथ जारी एक बयान में कहाकि आज चीन से नेपाल सुरक्षित पहुंचने वाले भारतीय नागरिकों की संख्या 403 (स्थानीय सरकारी सूत्रों के अनुसार) है। उन्होंने बयान में कहा कि 500 भारतीय नागरिक अब भी चीन की ओर हैं और वे सुरक्षित हैं।

मध्य नेपाल में आई भीषण बाढ़ से मरने वालों की संख्या रविवार को बढ़कर 734 हो गई जबकि करीब 2,500 लोग अब भी लापता हैं। जायसवाल ने कहाकि नेपाल में भारत के राजदूत ने फॉरेंसिक टीम से मुलाकात की और सदस्यों को जानकारी दी। इसके बाद टीम ने काठमांडू स्थित नेपाल पुलिस की केंद्रीय फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला और त्रिभुवन विश्वविद्यालय अस्पताल के फॉरेंसिक विभाग के अधिकारियों के साथ चर्चा की।

नेपाल में अचानक आई भीषण बाढ़ से मरने वालों की संख्या रविवार को बढ़कर 788 हो गई। शवों के मिलने का सिलसिला जारी रहने के बीच, अधिकारियों ने भोटेकोशी नदी में जलस्तर बढ़ने की चेतावनी जारी की और बाढ़ प्रभावित जिलों में रहने वाले लोगों तथा बचावकर्मियों से अलर्ट रहने की अपील की।

राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीआरआरएमए) ने बताया कि इस त्रासदी में मृतकों की संख्या बढ़कर 788 हो गई है, जबकि करीब 9500 लोगों को सुरक्षित निकाला गया है।

नेपाल-तिब्बत सीमा के निकट हिमनद के टूटने के बाद 26 अगस्त को हिमस्खलन जैसी घटना से पानी, कीचड़ और मलबे का तेज बहाव नीचे की ओर आया, जिसने मध्य नेपाल में कस्बों और गांवों को तबाह कर दिया, महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचाया और जलविद्युत केंद्रों को नष्ट कर दिया।

हिमालयी सीमावर्ती इलाके से दक्षिण की ओर बहने वाली भोटेकोशी नदी में भीषण बाढ़ से मकान, गाड़ियां, सड़कें और पुल बह गए तथा पनबिजली परियोजनाओं को नुकसान पहुंचा। इस आपदा में चीन की ओर भी 16 लोगों की मौत हुई और करीब 550 लोग लापता हैं। एनडीआरआरएमए ने रविवार को एक बयान में बताया कि नदी का जलस्तर फिर बढ़ गया है। बयान में कहा गया कि बाढ़ प्रभावित भोटेकोशी नदी का जलस्तर फिर बढ़ गया है। सभी संबंधित लोगों से एहतियाती कदम उठाने का आग्रह किया जाता है।

एनडीआरआरएमए ने कहाकि और जानकारी मिलने पर स्थिति के बारे में सूचना दी जाएगी। अधिकारियों के अनुसार, इस आपदा के बाद नेपाल में 591 विदेशियों समेत कुल 2,502 लोग अब भी लापता हैं। नई दिल्ली में विदेश मंत्रालय ने शनिवार को बताया कि बाढ़ के बाद 275 से अधिक भारतीय और भारतीय मूल के 128 लोग अब भी लापता हैं या उनसे संपर्क नहीं हो पा रहा है, जबकि 108 अन्य लोगों को बचा लिया गया है। रविवार को विदेश मंत्रालय ने अपने 'एक्स' हैंडल पर बचाए गए 149 लोगों की सूची साझा की।

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